इंदौर/सुनील बंशीवाल/खबर डिजिटल/ लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी का ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम इंदौर में अब 12 की जगह 19 सितंबर को होने जा रहा है। इसको लेकर सियासत का बाजार गर्म है। नेहरू स्टेडियम नहीं मिलने के बाद कार्यक्रम रीजनल पार्क के सामने खाली जमीन पर आयोजित करने की तैयारी चल रही है। इसके पीछे रणनीति है कि स्कूल-कॉलेज के बच्चे और कांग्रेस समर्थित लोग, अल्पसंख्यक आसानी से कार्यक्रम स्थल तक पहुंच जाए।
कांग्रेस ने की टारगेट में बढ़ोतरी
तारीख बढ़ने के साथ कांग्रेस ने कार्यक्रम की तैयारियां तेज कर दी हैं। अब पार्टी का लक्ष्य कार्यक्रम में 1 लाख छात्र और युवाओं को जुटाने का है। इसके लिए बाकायदा युवा कांग्रेस और NSUI कॉलेज, यूनिवर्सिटी और कोचिंग सेंटरों में पहुंचकर रजिस्ट्रेशन कराएगी, जबकि कांग्रेस के पदाधिकारी घर-घर जाकर Gen-Z का रजिस्ट्रेशन करेंगे, ताकि वो कार्यक्रम स्थल पर आसानी से पहुंच सके।
राहुल गांधी का कार्यक्रम बना अहम का विषय
कार्यक्रम की तैयारियों को लेकर कांग्रेस ने इंदौर, उज्जैन और भोपाल संभाग के पदाधिकारियों के साथ मैराथन बैठकें कीं। बैठकों के जरिए रणनीति बनाने का काम किया जा रहा है। शुभकारज गार्डन और सोलारिस रिसोर्ट में हुई बैठकों में कार्यक्रम की व्यवस्थाओं और युवाओं की भागीदारी को लेकर जिम्मेदारियां तय की गईं।
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कांग्रेस के आला नेताओं ने संभाला मैदान
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी और प्रदेश प्रभारी हरीश चौधरी ने पदाधिकारियों से कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए पूरी ताकत से जुटने को कहा, वो भी जनता के बीच जाने के साथ रणनीति पर काम कर रहे हैं, ताकि एक साथ बीजेपी को कार्यक्रम के जरिए करारा जवाब दिया जाए।
कैलाश विजयवर्गीय को भी बुलाएगी कांग्रेस
वहीं, पूर्व मंत्री सज्जन सिंह वर्मा से उन्होंने कहा कि ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम गैर-राजनीतिक है। इसमें मंत्री कैलाश विजयवर्गीय के परिवार के बच्चों को भी आमंत्रित किया जाना चाहिए। जिसके चलते इस काम की जिम्मेदारी पार्टी संगठन ने उन्हीं को सौंपी है।
कार्यक्रम के अंदर सिर्फ छात्र और युवा रहेंगे
प्रदेशाध्यक्ष जीतू पटवारी ने पदाधिकारियों से कहा कि सभी को मिलकर कार्यक्रम के लिए काम करना है। उन्होंने स्पष्ट किया कि कार्यक्रम के अंदर राहुल गांधी के साथ सिर्फ छात्र और युवा रहेंगे। कांग्रेस के नेता और पदाधिकारी कार्यक्रम स्थल के बाहर रहकर व्यवस्थाएं संभालेंगे। पटवारी ने कहा कि किसी भी नेता को कार्यक्रम के अंदर जाने की अनुमति नहीं होगी।
पहले 50 हजार का टारगेट, अब 1 लाख युवाओं का लक्ष्य
शहर कांग्रेस अध्यक्ष चिंटू चौकसे और जिला कांग्रेस अध्यक्ष विपिन वानखेड़े ने बताया कि पहले कार्यक्रम में 50 हजार छात्र और युवाओं को शामिल करने का लक्ष्य रखा गया था।
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