MP Railways: मध्यप्रदेश से गुजरने वाली ट्रेनों और सफर करने वाले यात्रियों के लिए एक जरूरी खबर है। भारतीय रेलवे ने सफर को अनुशासित, सुरक्षित और साफ-सुथरा बनाने के लिए अपने नियमों में बदलाव किया है। रेलवे बोर्ड द्वारा जारी नए चार्टर के अनुसार, अब ट्रेनों में बिना टिकट या गलत टिकट लेकर चलने वाले मुसाफिरों पर सीधे दोगुना जुर्माना ठोका जाएगा। साल 2013 के बाद यानी पिछले 13 सालों में यह पहली बार है जब रेलवे ने अपनी दंडात्मक दरों में इतना बड़ा बदलाव किया है।
दोगुना हुआ जुर्माना
अब यदि कोई यात्री बिना टिकट के पकड़ा जाता है, तो उसे तय किराए के साथ 500 रूपए का जुर्माना मौके पर ही भरना होगा। इससे पहले यह राशि मात्र 250 थी, जिसे अब सीधे डबल कर दिया गया है।
दूसरे के नाम पर सफर बंद
टिकटों की कालाबाजारी और गलत इस्तेमाल रोकने के लिए रेलवे ने साफ किया है कि यदि कोई यात्री किसी अन्य व्यक्ति के नाम पर आरक्षित टिकट पर यात्रा करता पाया गया, तो उसका टिकट कैंसिल कर दिया जाएगा। साथ ही उस पर कार्रवाई की जाएगी।
लेडीज बोगी में नो एंट्री
यदि कोई पुरुष यात्री महिलाओं के लिए आरक्षित बोगी या कोच में गैर-कानूनी तरीके से घुसता है, तो उस पर 2,500 रूपए तक का भारी-भरकम जुर्माना लगाया जाएगा।
गंदगी और अभद्रता
ट्रेनों या स्टेशन परिसर में कचरा फेंकने, गंदगी फैलाने, शराब या नशे की हालत में हंगामा करने, यात्रियों से अभद्र व्यवहार करने पर भी 2,000 रूपए तक के जुर्माने का प्रावधान किया गया है।
भिखारियों पर सख्त पहरा
स्टेशनों और ट्रेनों में बिना अनुमति के सामान बेचने, अवैध वेंडिंग करने या भीख मांगने वालों पर 2,000 रूपए के जुर्माने लगाया जाएगा। यदि पकड़ा गया व्यक्ति जुर्माना नहीं भरता है, तो उसे 3 महीने से लेकर 1 साल तक की जेल की हवा खानी पड़ सकती है।









