विकास के करोड़ों रुपये और हकीकत की तस्वीर…घुटने भर पानी और कीचड़ के बीच श्मशान घाट तक पहुंची अर्थी

B
Business Desk

0 बार पढ़ा गया

विकास के करोड़ों रुपये और हकीकत की तस्वीर…घुटने भर पानी और कीचड़ के बीच श्मशान घाट तक पहुंची अर्थी

चंदेरी/खबर डिजिटल/ ऐतिहासिक और पुरातन नगरी चंदेरी की नगरपालिका करोड़ों रुपए की विकास व्यवस्था पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। जहां चंदेरी के वार्ड क्रमांक 19 और 20 के बीच स्थित फतेहाबाद नई बस्ती की मरघट शाला (श्मशान घाट) की बदहाली का एक बेहद असंवेदनशील और दर्दनाक मामला सामने आया है। यहां बुनियादी सुविधाओं के अभाव में स्थानीय निवासियों को एक शव के अंतिम संस्कार के लिए भारी मुश्किलों का सामना करना पड़ा और अंत्येष्टि के लिए घुटनों भर पानी और कीचड़ के बीच से गुजरना पड़ा ।

कागजी विकास कुछ और जमीनी हकीकत कुछ और

शव के अंतिम संस्कार के लिए श्मशान घाट तक जाने वाले मुख्य मार्ग पर घुटनों तक पानी भरा हुआ था।
चारों तरफ दलदल:- मरघट शाला के पूरे परिसर और उसके आसपास सिर्फ कीचड़ ही कीचड़ फैला है।
जोखिम भरा अंतिम सफर परिजनों और स्थानीय लोगों को घुटने भर पानी और गहरे कीचड़ के बीच से अर्थी को कंधे पर रखकर गुजरना पड़ा।

ऐतिहासिक नगरी के विकास पर खड़े हुए बड़े सवाल
चंदेरी की इस घटना ने स्थानीय प्रशासन और नगरपालिका के 'विकास' के दावों की धज्जियां उड़ा कर रख दी हैं। जहां इंसान को अपने जीवन के अंतिम सफर में भी इतनी प्रताड़ना और अपमान सहना पड़े?

चंदरी में बेबसी की हद: अंतिम यात्रा में घुटनों तक पानी और कीचड़ से गुजरने को मजबूर परिजन

इतिहास के पन्नों में अपनी स्वर्णिम कला और विरासत के लिए विश्वविख्यात चंदेरी आज अपनी ही बदहाली पर आंसू बहा रहा है। चंदेरी के वार्ड क्रमांक 19 और 20 (नईबस्ती और फतेहाबाद) के बीच स्थित मरघट शाला (श्मशान घाट) की जो तस्वीरें सामने आई हैं, वह नगर विकास और जिम्मेदारों की कार्यप्रणाली पर एक बहुत बड़ा और तीखा सवालिया निशान लगा रही हैं। यहां व्यवस्थाओं के अभाव में इंसान की अंतिम यात्रा भी इतनी कष्टदायक हो गई है कि अपनों को विदा करने वाले परिजनों को घुटनों-घुटनों पानी और कीचड़ से होकर अर्थी निकालनी पड़ रही है।

अंतिम विदाई में आंसुओं के साथ बहता सिस्टम

यह बेहद पीड़ादायक और संवेदनात्मक पहलू है कि जिस पवित्र स्थान पर मनुष्य के जीवन का अंतिम संस्कार होता है, वहां चारों ओर गंदगी और जलभराव का साम्राज्य है। श्मशान की बाउंड्रीवॉल क्षतिग्रस्त हो चुकी है, जिसके कारण बारिश का गंदा पानी और कीचड़ पूरे प्रांगण में जमा हो गया है। अपनों को खोने के गम में डूबे परिजनों को जब अंतिम संस्कार के लिए पानी और कीचड़ के बीच से रास्ता बनाना पड़ता है, तो यह किसी भी संवेदनशील इंसान का कलेजा चीर देने के लिए काफी है।

विकास के करोड़ों रुपये और हकीकत की तस्वीर

सवाल यह उठता है कि आखिर नगर विकास और सौंदर्यीकरण के नाम पर आने वाले करोड़ों रुपयों का इस्तेमाल कहां हो रहा है? ऐतिहासिक और पुरातन नगरी कहलाने वाले चंदेरी की यही हकीकत है, तो यह विकास के दावों की पोल खोलने के लिए काफी है। एक तरफ जहां शहर में 'पी एम श्री' हेलीकॉप्टर सेवा जैसी आधुनिक सुविधाएं शुरू हो रही हैं, जो आधुनिकता और विकास का नया अध्याय लिख रही हैं, वहीं दूसरी ओर शहर के श्मशान की स्थिति किसी दूरदराज के गांव से भी बदतर है। मरघट की क्षतिग्रस्त बाउंड्री और जलभराव इस बात का प्रमाण है कि विकास केवल कागजों तक ही सीमित है।

यह स्थिति केवल नगरपालिका की प्रशासनिक लापरवाही को ही नहीं, बल्कि जनप्रतिनिधियों की अनदेखी और उदासीनता को भी बयां करती है। इस शहर के वासियों को अपने परिजनों के अंतिम संस्कार के लिए भी सम्मानजनक स्थान नसीब नहीं होगा? यह नगरपालिका और स्थानीय प्रशासन के लिए आईना है। अब समय आ गया है कि जिम्मेदार अधिकारी इस संवेदनहीनता को छोड़ें और मरघट शाला के जीर्णोद्धार, पानी निकासी और बाउंड्रीवॉल के निर्माण के लिए तत्काल कदम उठाएं, ताकि किसी भी परिवार को अपनों की अंतिम विदाई में इस नारकीय स्थिति का सामना न करना पड़े।

शेयर करें:

संबंधित खबरें

33 रुपये MRP वाले राजश्री पान मसाला के साथ जर्दा जोड़कर 40 में बिक्री का आरोप, ग्राहकों से 4.50 रुपये अधिक वसूली!

about 3 hours ago

लाड़ली बहनों को दिवाली पर नहीं मिलेगी किस्त! 13 नवंबर को CM मोहन यादव करेंगे राशि ट्रांसफर, करना होगा इंतजार

about 4 hours ago

ओरछा में 126.96 करोड़ रूपये की लागत से बन रहा भव्य श्री रामराजा लोक, सीएम मोहन यादव की घोषणा

about 5 hours ago

CM मोहन यादव ने चित्रकूट मंदाकिनी नदी में किया दीपदान, कहा - महाकाल लोक की तरह रामराजा लोक का होगा निर्माण

about 5 hours ago

दिग्विजय सिंह की यात्रा के बीच फेसबुक पर बढ़ी सक्रियता... 30 दिन में मिले 2.40 करोड़ व्यूज, 52 हजार नए फॉलोअर्स जुड़े

about 5 hours ago

MP में अनुकंपा नियुक्तियों का रास्ता साफ... सभी विभागों में चलेगा विशेष अभियान, 164 डॉक्टरों को भी मिली नियुक्ति

about 5 hours ago

और पढ़ें

33 रुपये MRP वाले राजश्री पान मसाला के साथ जर्दा जोड़कर 40 में बिक्री का आरोप, ग्राहकों से 4.50 रुपये अधिक वसूली!
मध्यप्रदेश

33 रुपये MRP वाले राजश्री पान मसाला के साथ जर्दा जोड़कर 40 में बिक्री का आरोप, ग्राहकों से 4.50 रुपये अधिक वसूली!

ओरछा में 126.96 करोड़ रूपये की लागत से बन रहा भव्य श्री रामराजा लोक, सीएम मोहन यादव की घोषणा
मध्यप्रदेश

ओरछा में 126.96 करोड़ रूपये की लागत से बन रहा भव्य श्री रामराजा लोक, सीएम मोहन यादव की घोषणा

CM मोहन यादव ने चित्रकूट मंदाकिनी नदी में किया दीपदान, कहा - महाकाल लोक की तरह रामराजा लोक का होगा निर्माण
मध्यप्रदेश

CM मोहन यादव ने चित्रकूट मंदाकिनी नदी में किया दीपदान, कहा - महाकाल लोक की तरह रामराजा लोक का होगा निर्माण

दिग्विजय सिंह की यात्रा के बीच फेसबुक पर बढ़ी सक्रियता... 30 दिन में मिले 2.40 करोड़ व्यूज, 52 हजार नए फॉलोअर्स जुड़े
मध्यप्रदेश

दिग्विजय सिंह की यात्रा के बीच फेसबुक पर बढ़ी सक्रियता... 30 दिन में मिले 2.40 करोड़ व्यूज, 52 हजार नए फॉलोअर्स जुड़े

MP में अनुकंपा नियुक्तियों का रास्ता साफ... सभी विभागों में चलेगा विशेष अभियान, 164 डॉक्टरों को भी मिली नियुक्ति
मध्यप्रदेश

MP में अनुकंपा नियुक्तियों का रास्ता साफ... सभी विभागों में चलेगा विशेष अभियान, 164 डॉक्टरों को भी मिली नियुक्ति

सफाईकर्मियों के लिए बड़ी खुशखबरी... वेतन बढ़ाकर 20 हजार रुपये तक किए जाने की संभावना
मध्यप्रदेश

सफाईकर्मियों के लिए बड़ी खुशखबरी... वेतन बढ़ाकर 20 हजार रुपये तक किए जाने की संभावना

दीपावली की रौनक के बीच अंधेरे में डूबा रानी लक्ष्मीबाई चौक, नगर निगम की व्यवस्था पर सवाल!
मध्यप्रदेश

दीपावली की रौनक के बीच अंधेरे में डूबा रानी लक्ष्मीबाई चौक, नगर निगम की व्यवस्था पर सवाल!

त्योहारों की भीड़ में आमजन के बीच नजर आई कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया, लोगों ने की सराहना
मध्यप्रदेश

त्योहारों की भीड़ में आमजन के बीच नजर आई कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया, लोगों ने की सराहना

धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री की बढ़ सकती हैं मुश्किलें!.. श्रीकृष्ण का वंशज बताने वाले अधिवक्ता ने अदालत में दायर किया मानहानि का केस
मध्यप्रदेश

धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री की बढ़ सकती हैं मुश्किलें!.. श्रीकृष्ण का वंशज बताने वाले अधिवक्ता ने अदालत में दायर किया मानहानि का केस

विकास के करोड़ों रुपये और हकीकत की तस्वीर…घुटने भर पानी और कीचड़ के बीच श्मशान घाट तक पहुंची अर्थी | Khabar Digital | Khabar Digital