देशभर के करोड़ों किसान प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की अगली किस्त का इंतजार कर रहे हैं. अब तक योजना की 23 किस्तें किसानों के खातों में पहुंच चुकी हैं और जून 2026 में 23वीं किस्त जारी की गई थी. इसके बाद से लाभार्थियों की नजर 24वीं किस्त पर है. अगर आप भी पीएम किसान योजना का फायदा उठा रहे हैं, तो अगली किस्त से पहले कुछ जरूरी चीजों की जांच कर लेना बेहतर होगा. छोटी सी गलती या जरूरी प्रक्रिया अधूरी रहने पर किस्त अटक सकती है.
24वीं किस्त कब तक आ सकती है?
फिलहाल केंद्र सरकार की ओर से पीएम किसान की 24वीं किस्त जारी करने की कोई आधिकारिक तारीख नहीं बताई गई है. हालांकि, योजना के नियम के मुताबिक किसानों को साल में तीन किस्तों के जरिए आर्थिक मदद दी जाती है और हर किस्त के बीच करीब चार महीने का अंतर रहता है.
किसानों को हर साल कुल 6,000 रुपये दिए जाते हैं. यह रकम 2,000 रुपये की तीन किस्तों में सीधे बैंक खाते में ट्रांसफर की जाती है. जून 2026 में 23वीं किस्त जारी होने के बाद अब 24वीं किस्त अक्टूबर 2026 के आसपास आने की संभावना जताई जा रही है. हालांकि, अंतिम तारीख का फैसला सरकार की आधिकारिक घोषणा के बाद ही साफ होगा.
eKYC नहीं कराया तो अटक सकता है पैसा
अगली किस्त का लाभ लेने के लिए eKYC पूरा होना बेहद जरूरी है. किसान घर बैठे पीएम किसान के आधिकारिक पोर्टल https://pmkisan.gov.in/ पर जाकर मोबाइल OTP के जरिए eKYC कर सकते हैं.
अगर OTP के जरिए सत्यापन नहीं हो पा रहा है, तो नजदीकी CSC सेंटर की मदद ली जा सकती है. वहां बायोमेट्रिक के जरिए eKYC पूरी कराई जा सकती है. इसके अलावा उपलब्ध सुविधा के अनुसार मोबाइल ऐप से फेस ऑथेंटिकेशन का विकल्प भी इस्तेमाल किया जा सकता है.
बैंक खाते और जमीन की जानकारी भी जांचें
किसानों को यह भी सुनिश्चित करना चाहिए कि उनका बैंक खाता आधार से लिंक हो और उसमें DBT की सुविधा एक्टिव हो. इसके साथ ही पीएम किसान पोर्टल पर अपनी लाभार्थी स्थिति जरूर चेक करें.
खास तौर पर 'Land Seeding' का स्टेटस देखना जरूरी है. अगर यहां 'Yes' दिखाई दे रहा है, तो जानकारी अपडेट मानी जाती है. वहीं 'No' होने पर जमीन से जुड़े दस्तावेजों का सत्यापन कराना होगा. इसके लिए किसान अपने नजदीकी कृषि विभाग कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं. समय रहते इन जरूरी प्रक्रियाओं को पूरा करने से 24वीं किस्त मिलने में आने वाली संभावित दिक्कतों से बचा जा सकता है.







