भोपाल/खबर डिजिटल/ मध्यप्रदेश विधानसभा में बुधवार को सामाजिक समावेशन का प्रेरणादायी दृश्य देखने को मिला। विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर की पहल पर भोपाल के दो संस्थानों के दिव्यांग बच्चों ने विधानसभा परिसर का भ्रमण किया और सदन की कार्यवाही का प्रत्यक्ष अवलोकन किया।
आयुक्त दिव्यांगजन डॉ. अजय खेमरिया के आग्रह पर विधानसभा अध्यक्ष ने विशेष आवश्यकता वाले बच्चों के लिए विधानसभा के द्वार खोलने के निर्देश दिए। समर्थनम ट्रस्ट एवं शासकीय दृष्टि एवं वाक् बाधित विद्यालय के 24 दिव्यांग बच्चों ने विधानसभा परिसर का भ्रमण किया। बच्चों ने दर्शक दीर्घा में बैठकर निजी विश्वविद्यालय संशोधन विधेयक पर हुई चर्चा और सदन की कार्यवाही को करीब से देखा।
अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर ने बच्चों से किया संवाद
भ्रमण के बाद विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर ने बच्चों को अपने कक्ष के समीप स्थित कॉन्फ्रेंस हॉल में आमंत्रित कर आत्मीय संवाद किया। इस दौरान बच्चों ने संसदीय व्यवस्था और विधानसभा की कार्यप्रणाली से जुड़े कई प्रश्न पूछे।
बच्चों ने बताया कि वे अब तक केवल टीवी पर संसद और विधानसभा की कार्यवाही देखते थे, लेकिन पहली बार उसे प्रत्यक्ष देखने का अवसर मिला, जो उनके लिए बेहद प्रेरणादायी अनुभव रहा।
दिव्यांग बच्चों के लिए विशेष व्यवस्था
विधानसभा प्रशासन ने दर्शक दीर्घा में दिव्यांग बच्चों की सुविधा के लिए इंटरप्रिटर की भी व्यवस्था की थी, जिससे वे कार्यवाही को बेहतर ढंग से समझ सकें।
इस अवसर पर आयुक्त दिव्यांगजन डॉ. अजय खेमरिया ने आयुक्त कार्यालय का वार्षिक प्रतिवेदन विधानसभा अध्यक्ष को भेंट किया और प्रदेश सरकार द्वारा दिव्यांगजन कल्याण एवं सशक्तिकरण के क्षेत्र में किए जा रहे नवाचारों की जानकारी भी दी।
दृष्टिबाधित बालिकाओं ने प्रस्तुत किया गीत
कार्यक्रम के दौरान दृष्टिबाधित बालिकाओं ने मधुर स्वागत गीत प्रस्तुत किया। वहीं विधानसभा अध्यक्ष की ओर से बच्चों एवं विशेष शिक्षकों के लिए अल्पाहार की भी व्यवस्था की गई।
लोकतांत्रिक मूल्यों से जोड़ने का प्रयास
विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर ने कहा कि ऐसे शैक्षणिक एवं प्रेरणादायी भ्रमण कार्यक्रमों का उद्देश्य दिव्यांग बच्चों में लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति जागरूकता विकसित करना, उन्हें शासन व्यवस्था से जोड़ना तथा उनका आत्मविश्वास बढ़ाना है, ताकि वे भविष्य में समाज की मुख्यधारा में सक्रिय और सशक्त भूमिका निभा सकें।







