जबलपुर/खबर डिजिटल/मनीष तिवारी/ जबलपुर में 'अमृत-2 योजना' के तहत ग्वारीघाट से रांझी तक माँ नर्मदा का जल ले जाने के लिए लगभग 300 करोड़ रुपये से अधिक का प्रोजेक्ट चल रहा है। इस महाप्रोजेक्ट में भारी अनियमितताओं और भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए कांग्रेस पार्षद दल ने तीखा विरोध दर्ज कराया है।
गोकुलदास धर्मशाला से लेकर कांचघर तक की मुख्य सड़क पर पिछले तीन-चार महीनों से चल रही खुदाई और लचर कार्यशैली की वजह से स्थानीय जनता बेहद परेशान है। पार्षदों का आरोप है कि ठेकेदार को आम जनता को परेशान करने की खुली छूट दी गई है, जिससे बारिश के इस मौसम में सड़क पर दलदल जैसी स्थिति बन गई है।
नेता प्रतिपक्ष अमरीश मिश्रा ने नगर सत्ता और प्रशासन पर निशाना साधते हुए कहा कि लगभग दो महीने पहले शहर के महापौर और नगर निगम आयुक्त ने इस स्थल का संयुक्त निरीक्षण किया था और बड़े-बड़े दावे करते हुए 24 घंटे के भीतर बहाली का काम शुरू करने का आश्वासन दिया था।
इसके बावजूद, जमीनी स्तर पर कोई सुधार नहीं हुआ। कांग्रेस पार्षदों ने प्रोजेक्ट मैनेजर को मौके पर बुलाकर वस्तुस्थिति से अवगत कराया और कड़ी चेतावनी दी है कि यदि अगले 48 घंटों के भीतर सड़क का सुदृढ़ीकरण और जनता को राहत देने का कार्य शुरू नहीं किया गया, तो वे इसी स्थान पर आमरण अनशन पर बैठेंगे।







