MP Cabinet Expansion: मध्य प्रदेश में मोहन यादव सरकार अब अपने मंत्रिमंडल को आकार देने की तैयारी में है। राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि भाजपा नेतृत्व 2028 के चुनावी समीकरणों को ध्यान में रखते हुए कैबिनेट का विस्तार करने जा रहा है। इस विस्तार में सबसे बड़ा नाम प्रदेश के सबसे वरिष्ठ और रहली से 9 बार के विधायक गोपाल भार्गव का उभरकर सामने आ रहा है।
गोपाल का बढ़ता ग्राफ
प्रदेश की राजनीति में अपराजेय योद्धा माने जाने वाले गोपाल भार्गव का नाम मंत्री पद के लिए सबसे आगे चल रहा है। इसके पीछे कई ठोस कारण माने जा रहे हैं। भार्गव 6 साल तक मंत्री और विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष जैसे पदों पर रह चुके हैं। बुंदेलखंड क्षेत्र में उनका बड़ा प्रभाव है, जिसे कैबिनेट में प्रतिनिधित्व देना भाजपा के लिए रणनीतिक रूप से फायदेमंद हो सकता है। मोहन कैबिनेट में युवा ऊर्जा के साथ अनुभव का तड़का लगाने के लिए भार्गव एक विकल्प माने जा रहे हैं।
4 से 5 नए चेहरों को मिलेगी जगह
वर्तमान में मंत्रिमंडल में 31 सदस्य हैं और 4 पद रिक्त हैं। सूत्रों की मानें तो इस विस्तार में 4 से 5 नए चेहरों को शपथ दिलाई जा सकती है। चर्चा यह भी है कि भाजपा गुजरात मॉडल अपनाते हुए कुछ पुराने दिग्गजों को वापस ला सकती है और कुछ वर्तमान मंत्रियों को संगठन की जिम्मेदारी सौंपी जा सकती है।
इन नामों पर टिकी नजरें
मंत्रिमंडल की रेस में गोपाल भार्गव के अलावा कई अन्य दिग्गज भी शामिल हैं। जिनमें प्रमुख दावेदार मालिनी गौड़, बृजेंद्र सिंह यादव और शैलेंद्र कुमार जैन के नामों की सबसे प्रबल संभावना जताई जा रही है। वही अर्चना चिटनिस, प्रदीप लारिया और कमलेश शाह के नाम भी सियासी गलियारों में तैर रहे हैं।
दिल्ली में मंथन, ओरछा में बैठक!
मुख्यमंत्री मोहन यादव और प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल की दिल्ली में आलाकमान के साथ लंबी चर्चा हो चुकी है। माना जा रहा है कि ओरछा में होने वाली आगामी कार्यसमिति की बैठक से पहले या उसके तुरंत बाद मंत्रिमंडल विस्तार की तस्वीर पूरी तरह साफ हो जाएगी। हालांकि, अभी आधिकारिक घोषणा का इंतजार है, लेकिन तैयारी पूरी नजर आ रही है।







