सिवनी/विशाल भारद्वाज/खबर डिजिटल/ बरघाट थाना क्षेत्र के बेहरई गांव में वन डिपो के पास स्थित 50 वर्ष पुराने हनुमान मंदिर पर वन विभाग की अतिक्रमण कार्रवाई ने विवाद खड़ा कर दिया है। वन विभाग के अधिकारियों ने मंदिर परिसर में तोड़फोड़ की, जिससे ग्रामीणों में आक्रोश फैल गया है, उन्होंने धार्मिक आस्था से खिलवाड़ करार देते हुए कार्रवाई की मांग की।
ग्रामीणों ने लगाया आरोप
ग्रामीणों का आरोप है कि वन विभाग ने बिना किसी सूचना के मंदिर परिसर में तोड़फोड़ की, जिससे मंदिर की धार्मिक मर्यादा का उल्लंघन हुआ है। वन विभाग पर गाली-गलौज करने का भी आरोप लगाया गया है। ग्रामीणों का कहना है कि मंदिर की जमीन पर वन विभाग का कोई अधिकार नहीं है, इसलिए उनकी कार्रवाई अवैध है।
तीन कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई प्रस्तावित
इस मामले में तीन कर्मचारियों - एसडीओ, रेंजर और डिप्टी रेंजर - पर निलंबन की कार्यवाही प्रस्तावित की गई है। साथ ही, सुरक्षा की दृष्टि से उन्हें डिपो से हटाया गया है। बजरंग दल ने पुलिस अधीक्षक को आवेदन लिखकर मंदिर पर तोड़फोड़ करने वालों पर एफआईआर दर्ज करने की मांग की है।
लोगों ने जताया आक्रोश
वन विभाग की इस कार्रवाई से ग्रामीणों में आक्रोश है और वे इसका विरोध कर रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि वे मंदिर की रक्षा के लिए किसी भी हद तक जाएंगे। इस मामले में आगे क्या होगा, यह देखना होगा।







