भारत का गेमिंग उद्योग तेजी से बढ़ रहा है
इंटरएक्टिव एंटरटेनमेंट एंड इनोवेशन काउंसिल (IEIC) द्वारा जारी "इंडिया गेमिंग मार्केट रिपोर्ट: कंसोलिडेटिंग ग्रोथ, ड्राइविंग इनोवेशन, बिल्डिंग रेजिलिएंस" के अनुसार, 2024 में भारत का ऑनलाइन गेमिंग सेक्टर 3.7 बिलियन अमेरिकी डॉलर का था और 2029 तक इसके 9.1 बिलियन अमेरिकी डॉलर तक पहुंचने की संभावना है।
गेमिंग बाजार में निवेश और रोजगार के नए अवसर
- 2029 तक भारत का गेमिंग बाजार 9.1 बिलियन डॉलर तक बढ़ेगा।
- आईपीओ के माध्यम से 26 बिलियन डॉलर की पूंजी जुटाने की क्षमता।
- 2034 तक भारतीय गेमिंग उद्योग 60 बिलियन डॉलर का हो जाएगा।
- इससे 2 मिलियन (20 लाख) नई नौकरियाँ उत्पन्न होंगी।
- 95 करोड़ लोग ऑनलाइन गेमिंग का हिस्सा बनेंगे।
गेमिंग उद्योग को बढ़ावा देने में सरकार और निजी कंपनियों की भूमिका
रिपोर्ट को गेम डेवलपर्स कॉन्फ्रेंस (GDC) के इंडिया पैवेलियन में विन्जो, भारत सरकार के सूचना और प्रसारण मंत्रालय, गेम डेवलपर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया (GDAI) और नज़ारा टेक्नोलॉजीज के सहयोग से लॉन्च किया गया।
भारतीय गेमिंग उद्योग के मुख्य कारक
- 591 मिलियन (59.1 करोड़) भारतीय गेमर्स।
- 11.2 बिलियन मोबाइल गेम ऐप डाउनलोड।
- 1,900 गेमिंग कंपनियाँ।
- 130,000 उच्च कुशल पेशेवरों को रोजगार।
- 3 बिलियन अमेरिकी डॉलर का प्रत्यक्ष विदेशी निवेश।
- 85% एफडीआई पे-टू-प्ले सेगमेंट में।
वैश्विक स्तर पर भारत का गेमिंग प्रभाव
भारत में बने गेम दुनिया के अन्य बाजारों में भी लोकप्रिय हो रहे हैं। स्थानीय भाषाओं में छोटे और किफायती गेम्स तेजी से लोकप्रिय हो रहे हैं। इस रिपोर्ट का उद्देश्य भारत के गेमिंग उद्योग को वैश्विक मंच पर और अधिक मजबूती से स्थापित करना है।
विन्जो का योगदान
- भारत और ब्राज़ील में 250 मिलियन से अधिक पंजीकृत उपयोगकर्ता।
- 15 भाषाओं में 100 से अधिक गेम।
- 75,000 से अधिक माइक्रो-इन्फ्लुएंसर और गेम स्ट्रीमर।
- 5 बिलियन से अधिक मासिक गेमिंग सेशंस।
- UPI के हर 200 लेनदेन में से 1 विन्जो पर होता है।







